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सेल्फी आपकी खुशी को करता है दोगुना






सोशल साइट पर सेल्फी की बाढ़ सी आ गई है। आम हो या खास सेल्फी लेकर सोशल नेटवर्क के जरिये दोस्तों और फैन से साझा जरूर करता है। तकनीक के इस जमाने में सभी के पास स्‍मार्टफोन है जिसे 24 घंटे हम अपने साथ रखते हैं। इस फोन में लगे कैमरे में हर पल को कैद करना चाहते हैं। मोबाइल फोन से खुद की फोटो खींचना सेल्फी कहलाता है। हर पल को कैद करने की ये चाहत आपको खुश रखने में मदद करती है। स्मार्टफोन से हंसते-मुस्कुराते सेल्फी लेने और इसे दोस्तों के साथ साझा करने से आपकी खुशी दोगुनी होती है। यानी अगर सेल्फी लेना आपकी आदत में शुमार है तो आप अधिक खुश हैं और पॉजिटिविटी से भरे हैं। यह हम नहीं बल्कि एक शोध कह रहा है। इसके बारे में इस लेख में जानते हैं।

•  शोध के अनुसार

इरविन के कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी द्वारा सेल्फी और उससे मिलने वाली खुशी पर एक शोध किया गया। इस शोध से यह पता चलता है कि कभी-कभी हमारे गैजेट हमारे लिए फायदेमंद साबि‍त हो सकते हैं। ये हमारी खुशियों को बढ़ाते हैं और हमें हमेशा खुश रहने की प्रेरणा भी देते हैं। इससे सकारात्मकता बढ़ती है और हम बेहतर प्रदर्शन कर पाते हैं।

कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी ने सेल्फी और इससे पड़ने वाले प्रभाव के बारे में जानने के लिए लिए चार सप्ताह तक 41 लोगों पर अध्ययन किया। इसमें 28 महिलायें और 13 पुरूषों को शामिल किया गया। इस अध्ययन के दौरान सभी को अपने दैनिक कार्यों जैसे- स्कूल जाना, दोस्तों से मिलना, ऑफिस के काम करना, आदि को जारी रखने के लिए भी कहा गया। इस दौरान सेल्फी लेने और उस दौरान होने वाली प्रतिक्रिया को रिकॉर्ड करने के लिए कहा गया। इसमें तीन तरह की तस्वीरों को शामिल किया गया। इसमें मुस्कुराती और दूसरों पर असर डालने वाली सेल्फी थीं। इसके अलावा इसमें कुछ सेल्फी ऐसी थी जिसमें लोगों का आत्मसविश्वास अधिक दिख रहा था। इस शोध में यह साबित हुआ कि जो लोग अधिक सेल्फी लेते हैं वे सेल्फी लेने के दौरान मुस्कुराते हैं, जिससे मुस्कुराना उनकी आदत बन जाती है और वे अधिक खुश रहते हैं।

•  महिलायें और सेल्फी

सेल्फी लेने की तुलना अगर की जाये तो इसमें महिलायें पुरुषों से कहीं आगे हैं। डेली मेल में छपे एक शोध की मानें तो सामान्यतया महिलायें स्मार्टफोन से सप्ताह में लगभग 5 घंटे सेल्फी लेते हुए व्यतीत करती हैं। सेल्फी लेने में 15 से 25 साल की महिलायें अधिक आगे रहती हैं। इस दौरान एक सेल्फी लेने के लिए वे कम से कम 16 मिनट का समय लेती हैं। यानी अगर खुशहाली की तुलना की जाये तो महिलायें पुरुषों से कहीं अधिक आगे दिख रही हैं।

तो अब अगर आप सेल्फी नहीं लेते हैं तो अब लेना शुरू कर दीजिए, क्योंकि इसमें खुशी का राज छिपा है। तो सेल्फी लें और खुश रहें।